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शासकीय एवं निजी महाविद्यालयों में डिजिटल शिक्षण संसाधनों की उपलब्धता और विद्यार्थियों की मनोवृत्ति का तुलनात्मक अध्ययन

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वर्तमान युग में डिजिटल शिक्षा शिक्षा-प्रणाली का अभिन्न अंग बन चुकी है। विशेष रूप से कोविड-19 महामारी के पश्चात डिजिटल शिक्षण संसाधनों का उपयोग अत्यधिक बढ़ा है। प्रस्तुत शोध का उद्देश्य शासकीय एवं निजी महाविद्यालयों में डिजिटल शिक्षण संसाधनों की उपलब्धता तथा विद्यार्थियों की मनोवृत्ति का तुलनात्मक अध्ययन करना है। इस अध्ययन में यह जानने का प्रयास किया गया है कि दोनों प्रकार के महाविद्यालयों में उपलब्ध डिजिटल संसाधनों (जैसे स्मार्ट क्लास, इंटरनेट, ई-लर्निंग प्लेटफॉर्म, डिजिटल लाइब्रेरी आदि) का विद्यार्थियों की मनोवृत्ति पर क्या प्रभाव पड़ता है। अध्ययन के लिए सर्वेक्षण विधि का उपयोग किया गया तथा 300 विद्यार्थियों (150 शासकीय एवं 150 निजी महाविद्यालयों से) का चयन किया गया। डेटा संग्रहण के लिए संरचित प्रश्नावली (Likert Scale) का प्रयोग किया गया। प्राप्त आँकड़ों का विश्लेषण Mean, Standard Deviation तथा t-test के माध्यम से किया गया। अध्ययन के निष्कर्षों से यह ज्ञात हुआ कि निजी महाविद्यालयों में डिजिटल संसाधनों की उपलब्धता अधिक है, जिसके कारण वहाँ के विद्यार्थियों की मनोवृत्ति डिजिटल शिक्षा के प्रति अधिक सकारात्मक पाई गई। इसके विपरीत, शासकीय महाविद्यालयों में संसाधनों की कमी के कारण विद्यार्थियों की मनोवृत्ति अपेक्षाकृत कम सकारात्मक पाई गई। अंततः यह निष्कर्ष निकाला गया कि डिजिटल शिक्षण संसाधनों की उपलब्धता विद्यार्थियों की मनोवृत्ति को प्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करती है। अतः सभी महाविद्यालयों में डिजिटल अधोसंरचना को सुदृढ़ करना अत्यंत आवश्यक है।
Title: शासकीय एवं निजी महाविद्यालयों में डिजिटल शिक्षण संसाधनों की उपलब्धता और विद्यार्थियों की मनोवृत्ति का तुलनात्मक अध्ययन
Description:
वर्तमान युग में डिजिटल शिक्षा शिक्षा-प्रणाली का अभिन्न अंग बन चुकी है। विशेष रूप से कोविड-19 महामारी के पश्चात डिजिटल शिक्षण संसाधनों का उपयोग अत्यधिक बढ़ा है। प्रस्तुत शोध का उद्देश्य शासकीय एवं निजी महाविद्यालयों में डिजिटल शिक्षण संसाधनों की उपलब्धता तथा विद्यार्थियों की मनोवृत्ति का तुलनात्मक अध्ययन करना है। इस अध्ययन में यह जानने का प्रयास किया गया है कि दोनों प्रकार के महाविद्यालयों में उपलब्ध डिजिटल संसाधनों (जैसे स्मार्ट क्लास, इंटरनेट, ई-लर्निंग प्लेटफॉर्म, डिजिटल लाइब्रेरी आदि) का विद्यार्थियों की मनोवृत्ति पर क्या प्रभाव पड़ता है। अध्ययन के लिए सर्वेक्षण विधि का उपयोग किया गया तथा 300 विद्यार्थियों (150 शासकीय एवं 150 निजी महाविद्यालयों से) का चयन किया गया। डेटा संग्रहण के लिए संरचित प्रश्नावली (Likert Scale) का प्रयोग किया गया। प्राप्त आँकड़ों का विश्लेषण Mean, Standard Deviation तथा t-test के माध्यम से किया गया। अध्ययन के निष्कर्षों से यह ज्ञात हुआ कि निजी महाविद्यालयों में डिजिटल संसाधनों की उपलब्धता अधिक है, जिसके कारण वहाँ के विद्यार्थियों की मनोवृत्ति डिजिटल शिक्षा के प्रति अधिक सकारात्मक पाई गई। इसके विपरीत, शासकीय महाविद्यालयों में संसाधनों की कमी के कारण विद्यार्थियों की मनोवृत्ति अपेक्षाकृत कम सकारात्मक पाई गई। अंततः यह निष्कर्ष निकाला गया कि डिजिटल शिक्षण संसाधनों की उपलब्धता विद्यार्थियों की मनोवृत्ति को प्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करती है। अतः सभी महाविद्यालयों में डिजिटल अधोसंरचना को सुदृढ़ करना अत्यंत आवश्यक है।.

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