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नेपालीकाव्यमा उपमा अलङ्कारविधान
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तुलसीदास कृत 'रामचरित मानस में भी पक्षियों के वर्णन बहुतायत से आये हैं। जिनका प्रयोग स्थल विशेष के अनुसार विभिन्न रूपों में हुआ है। स्वयं तुलसीदास की ग्रंथ की विशेषता बताते हुए कहत...
वासवदत्तामा अलङ्कारविधान
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सुलोचना महाकाव्यमा अलङ्कार
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शुक्लयजुर्वेद, उपनिषद्, रामायणहरूदेखि साहित्यका हरेक विधाहरूमा अलङ्कारको प्रयोग गरिएको छ । अलङ्कारको स्वस्पूmर्त तथा प्राकृत प्रयोगले कृति सुन्दर, आस्वाद्य तथा मार्मिक बन्न पुग्ने ...

